देहरादून। त्रिपुरा के छात्र एंजेल चकमा की देहरादून में हुई हत्या का मामला लगातार गंभीर होता जा रहा है। इस घटना को लेकर त्रिपुरा से लेकर उत्तराखंड तक आक्रोश का माहौल है। उत्तराखंड सरकार ने मामले को बेहद गंभीरता से लेते हुए सख्त रुख अपनाया है। फरार आरोपी के लिए निकला 25 हजार का इनाम ।
त्रिपुरा के उनाकोटी जिले के नंदानगर निवासी छात्र एंजेल चकमा की सेलाकुई, देहरादून में हत्या के मामले में पुलिस अब तक पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें से दो आरोपी नाबालिग हैं, जिन्हें बाल सुधार गृह भेज दिया गया है। एक आरोपी अभी फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस लगातार दबिश दे रही है। फरार आरोपी पर 25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया है।
पुलिस को आशंका है कि आरोपी मूल रूप से नेपाल का रहने वाला है और नेपाल फरार हो गया है, जिसके चलते नेपाल से भी सहयोग मांगा गया है और एक पुलिस टीम उसकी तलाश में भेजी गई है।
घटना के बाद एंजेल चकमा की मौत से शोक और आक्रोश की लहर फैल गई है। रविवार को देहरादून के झाझरा स्थित जनजातीय गुरुकुल में सामाजिक संगठनों और पूर्वोत्तर के छात्रों ने मोमबत्तियां जलाकर एंजेल को श्रद्धांजलि दी और दोषियों को फांसी की सजा देने की मांग की।

श्रद्धांजलि सभा में त्रिपुरा के विधायक शंभू लाल चकमा और मृतक छात्र के माता-पिता अगरतला से ऑनलाइन जुड़े। इस दौरान एंजेल के पिता ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट पर सवाल उठाते हुए मामले की निष्पक्ष जांच और दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की।




