देहरादून: उत्तराखंड में बिजली आपूर्ति प्रणाली को सुदृढ़ करने के लिए जल्द ही 20 नए बिजलीघर (सब स्टेशन) बनाए जाएंगे। पिटकुल (पावर ट्रांसमिशन कॉर्पोरेशन ऑफ उत्तराखंड लिमिटेड) के इन नए बिजलीघरों के प्रस्ताव को नियोजन विभाग की तकनीकी स्वीकृति समिति ने मंजूरी दे दी है।
गुरुवार को ऊर्जा एवं नियोजन विभाग के प्रमुख सचिव आर. मीनाक्षी सुंदरम ने इसकी पुष्टि की। उन्होंने बताया कि पिटकुल ने एडीबी (एशियन डेवलपमेंट बैंक) की सहायता से चल रहे प्रोजेक्ट के दूसरे चरण के तहत नए सब स्टेशन निर्माण और पुराने स्टेशनों व लाइनों के अपग्रेडेशन का प्रस्ताव तैयार कर नियोजन विभाग को भेजा था, जिसे स्वीकृति मिल गई है।
यह परियोजना राज्य में औद्योगिक विकास को गति देने के उद्देश्य से तैयार की गई है। उद्योग विभाग ने विशेष रूप से सेलाकुईं, लालतप्पड़ (देहरादून), हरिद्वार इंडस्ट्रियल एरिया और उधमसिंह नगर जैसे औद्योगिक क्षेत्रों में पावर नेटवर्क को मजबूत करने की मांग की थी।
नई परियोजना के तहत 400 केवी एआईएस सब स्टेशन सिडकुल हरिद्वार, 400 केवी सब स्टेशन कोटद्वार, 220 केवी एआईएस सब स्टेशन ज्वालापुर, 220 केवी जीआईएस सब स्टेशन बरहनी बाजपुर सहित कई प्रमुख सब स्टेशनों का निर्माण और अपग्रेडेशन किया जाएगा।
प्रमुख सचिव ऊर्जा आर. मीनाक्षी सुंदरम ने कहा कि, “उद्योग और पर्यटन विभाग की मांग के अनुसार नए सब स्टेशन बनाए जा रहे हैं, जबकि पुराने स्टेशनों की क्षमता बढ़ाई जा रही है ताकि राज्य के बिजली नेटवर्क को और मजबूत बनाया जा सके।”
इस योजना से उत्तराखंड के औद्योगिक क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति और विश्वसनीयता में बड़ा सुधार होगा, जिससे उत्पादन और निवेश को भी नई दिशा मिलेगी।





